Aman Samachar
ब्रेकिंग न्यूज़
ब्रेकिंग न्यूज़महाराष्ट्र

भिवंडी में ‘आंचल’ नाम से एक अभिनव अभियान की विधायक रईस शेख ने की शुरुआत

भिवंडी [ अमन न्यूज नेटवर्क ] भिवंडी में सुरक्षित और स्वस्थ मातृत्व का पोषण करने और इस तरह मातृ एवं शिशु मृत्यु दर को रोकने के लिए विधायक रईस शेख के कार्यालय के माध्यम से “आंचल” नामक एक अभिनव पहल शुरूआत की गई है।
‘आंचल’ पहल के तहत गर्भवती व शिशुओं को दूध पिलानेवाली माताओं की विशेषज्ञ चिकित्सकों द्वारा जांच करके उन्हें आवश्यक दवाएं दी जा रही है। इन माताओं की सेवा के लिए शहर में जगह-जगह कैम्प्स लगाए जा रहे हैं। इन कैम्पस में आहार और जांच के संबंध में विशेषज्ञों द्वारा मार्गदर्शन किया जाता है। ‘आंचल’ के इस अभियान की भिवंडी के नागरिक जमकर तारीफ कर रहे हैं।
भिवंडी शहर में आम लोगों में जागरूकता की कमी, अपर्याप्त बुनियादी स्वास्थ्य सुविधाएं, वित्तीय संसाधनों की कमी आदि के कारण घर में जन्म दर बहुत अधिक है। और इसके कारण मातृ एवं शिशु मृत्यु दर में वृद्धि हुई है। इस समस्या के समाधान हेतु भिवंडी पूर्व के माननीय विधायक श्री रईस शेख के कार्यालय से “आंचल” नामक प्रशंसनीय पहल के माध्यम से स्त्री रोग विशेषज्ञ द्वारा निर्धारित दवाइयां, पोषण प्रोटीन, परिवहन प्रदान कर महिलाओं की इस समस्या के समाधान के लिए सहायता की जा रही है। इसके लिए महिलाओं को सहायता और अन्य चिकित्सा सुविधा मुहैय्या कराई जा रही है।
वर्तमान में लगभग 350 गर्भवती महिलाओं को विभिन्न प्रकार की चिकित्सा सहायता प्रदान की गई है जिसके परिणामस्वरूप सफल सुरक्षित और स्वस्थ प्रसव हुआ है। ‘आंचल’ का उद्देश्य विशेष रूप से आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग की महिलाओं, शरीर में कैल्शियम और आयरन की कमी वाली महिलाओं और गर्भावस्था के 7-9 महीनों के बीच की महिलाओं को पूर्ण मातृत्व सुरक्षा सुविधाएं प्रदान करना है।
      इसके लिए महिलाओं को शहरी स्वास्थ्य केंद्र की ‘आशा’ पदाधिकारी या स्वास्थ्य कार्यकर्ता के पास पंजीकरण कराना होगा, जिसके बाद उन्हें “आंचल किट” प्रदान की जाएगी। किट में स्त्री रोग विशेषज्ञ द्वारा निर्धारित फोलिक एसिड की गोलियां, कैल्शियम की गोलियां और प्रोटीन शामिल हैं। प्रत्येक पंजीकृत महिला को एक आंचल कार्ड दिया जाता है, जिससे महिला द्वारा प्राप्त स्वास्थ्य और सुविधाओं का उचित पालन किया जा सकेगा। इस अभिनव पहल के तहत आंचल की 7 माह की गर्भवती महिला की एक बार सोनोग्राफी की जाएगी और सोनोग्राफी का पूरा खर्च कार्यालय खुद करेगा।
यह नवजात बच्चे के भविष्य को सुरक्षित करने के लिए कार्यालय के माध्यम से नवजात बच्चे के परिवार को बच्चे का जन्म प्रमाण पत्र प्राप्त करने में भी मदद कर रहा है। खास बात यह है कि ‘आंचल’ हर वैकल्पिक रविवार को प्रख्यात स्त्री रोग विशेषज्ञों द्वारा जागरूकता और ज्ञान सत्र आयोजित करेगी। मीडिया से बातचीत करते हुए श्री रईस शेख ने कहा कि इस प्रमुख कार्यक्रम का उद्देश्य मातृ और नवजात शिशु के स्वास्थ्य की देखभाल करना और भिवंडी को स्वस्थ और खुशहाल बनाना है।

संबंधित पोस्ट

जीएम मोमिन वीमेंस कॉलेज में “इस्लामी साहित्य की रोशनी में पौधों का महत्व” विषय पर राष्ट्रीय सम्मेलन संपन्न 

Aman Samachar

मुंबई में घरों की बिक्री में अप्रैल-जून तिमाही में 8 प्रतिशत की गिरावट: प्रॉपटाइगर डॉटकॉम

Aman Samachar

सीएसआर सिडबी ने, आकांक्षाओं को वास्तविकता में परिवर्तित करते हुए मनाया महिला दिवस

Aman Samachar

ज्वेलर्स की दुकान से सोने की 90 नथ लेकर बुरखाधारी महिलाएं चंपत

Aman Samachar

भाजपा के जन की बात कार्यक्रम में 500 से अधिक शिकायतें आने का दावा

Aman Samachar

मनपा स्कूल के विद्यार्थियों से संवाद में इंटरनेट का उचित उपयोग करने की आयुक्त ने दिया गुरुमंत्र 

Aman Samachar
error: Content is protected !!