
ठाणे ( यूनिस खान ) श्री कृष्ण की बचपन की लीलाओं की याद दिलाने वाला गोपाल कला उत्सव ठाणे में बड़े जोश और खुशी के साथ मनाया गया। ठाणे शहर में पहले नौ लेयर लगाने का विश्व रिकॉर्ड बना था। इस बार अपना ही विश्व रिकॉर्ड तोड़ने का प्रयास था लेकिन देर तक इसमें सफलता नहीं मिल सकी। भारतीय जनता पार्टी, ठाणे शहर (जिला) और शारदा संकल्प प्रतिष्ठान, ठाणे द्वारा आयोजित इस बड़े दही हांडी समारोह के आयोजक व उपमहापौर कृष्णा दादू पाटिल, और नगर सेविका श्रीमती नंदा कृष्ण पाटिलथे। इस समारोह में उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे,वन मंत्री गणेश नाइक, परिवहन मंत्री प्रताप सरनाइक, विधायक संजय केलकर के साथ-साथ विधायक और प्रदेश अध्यक्षा, महिला मोर्चा महाराष्ट्र चित्रा वाघ भी शामिल हुए। ठाणे की महापौर शर्मिला पिंपलोलकर भी इस मौके पर मौजूद थीं। संजय केलकर ने दही हांडी की विधिवत पूजा की, फिर, ढोल-नगाड़ों और ‘गोविंदा आला रे’ के नारों के साथ दही हांडी फोड़ने का जोश शुरू हुआ।
इस मौके पर, ‘नशामुक्ति युवा, यही मोदीजी का सपना है’ विषय पर एक असरदार नुक्कड़ नाटक पेश किया गया ताकि युवाओं को नशे से मुक्ति का संदेश दिया जा सके। अलग-अलग सांस्कृतिक और मनोरंजन कार्यक्रमों ने भी मौजूद लोगों का दिल जीत लिया। डांस प्रोग्राम गणेश के गीत से शुरू हुआ, जबकि दर्शकों ने कलाकारों की परफॉर्मेंस पर खुद ही तालियां बजाईं।
दही हांडी फोड़ने के लिए अलग-अलग गोविंदा टीमों ने जोश के साथ हिस्सा लिया। गोविंदाओं का जोश, टीम कोऑर्डिनेशन और इंसानी मनोरा बनाते समय उनके पक्के इरादे ने इलाके में खूब उत्साह पैदा किया। आखिर में, गोविंदा टीम ‘खोपचा राजा’ ने नौ लेयर वाली मीनार बनाकर दही हांडी फोड़ने का सम्मान जीता। इस शानदार कामयाबी के लिए टीम को साढ़े पांच लाख रुपये का कैश प्राइज दिया गया।
छत्रपति गोविंदा टीम, कंजुरमार्ग पूर्व ने भी नौ लेयर वाली मीनार बनाकर ज़ोरदार प्रदर्शन किया। इस टीम ने दूसरा स्थान हासिल किया और 2 लाख 22 हज़ार 222 रुपये का कैश प्राइज़ जीता। दोनों टीमों के शानदार प्रदर्शन ने दही हांडी सेरेमनी का उत्साह और बढ़ा दिया। इस बड़े सेरेमनी में अलग-अलग फील्ड के कई जाने-माने लोग शामिल हुए। बड़ी संख्या में आम लोग भी शामिल हुए और गोविंदा टीमों की रोमांचक कोशिशों की तारीफ़ की। छोटे से लेकर बड़े तक, ढोल-नगाड़ों की आवाज़, कल्चरल प्रोग्राम और श्री कृष्ण के जयकारों ने पूरे इलाके को खुशनुमा बना दिया। धार्मिक त्योहार में एक सामाजिक संदेश, कल्चरल परंपरा और टीम एकता जोड़ने वाला यह बड़ा दही हांडी सेरेमनी ठाणे के लोगों के लिए यादगार बन गया। शाम 7.30 बजे तक 51 पुरुष गोविंदा टीम शामिल हुईऔर 23 महिला गोविंदा टीम शामिल हुई।


