
ठाणे ( हिना खान ) मनपा मुख्यालय के पास सिद्धेश्वर तालाब में हजारों मछलियां मर गई हैं। इससे पहले, 24 अप्रैल को मछलियों की मौत का खुलासा होने के बाद नगरपालिका ने प्रदूषण को नियंत्रित करने के उपाय शुरू किए थे। हालांकि, यह स्पष्ट हो गया है कि वह दिखावा था ऐसा आरोप भाजपा के पूर्व गुटनेता नारायण पवार ने लगाया।
सिद्धेश्वर तालाब अत्यधिक प्रदूषित है। इससे पहले मनपा के प्रदूषण नियंत्रण विभाग को लगातार शिकायत के बावजूद पानी की पत्तियां नहीं हटाई गई थीं। परिणामस्वरूप 24 अप्रैल को मछलियां मर गईं। इसके बाद मनपा में शिकायत दर्ज कराई गई। लेकिन, इस ओर ध्यान नहीं दिया गया। पूर्व भाजपा नगर सेवक नारायण पवार ने आरोप लगाया कि 15 दिन बाद तालाब में हजारों मछलियां मर गईं। दोपहर के समय कुछ निवासियों को तालाब में मृत मछलियाँ मिलीं। उन्होंने पूर्व नगर सेवक नारायण पवार को सूचित किया जिसके बाद पवार ने पुनः मनपा से संपर्क किया है। पिछले 15 दिनों में झील में प्रदूषण के स्तर को कम करने के लिए मनपा ने क्या उपाय किए हैं? मनपा आयुक्त सौरभ राव ने मछलियों की मौत का कारण जानने के बाद संबंधित अधिकारियों को तालाब में प्रदूषण के खिलाफ तत्काल कदम उठाने के निर्देश दिए थे। हालांकि, उनके खिलाफ कोई कार्रवाई नहीं होने पर नारायण पवार ने असंतोष व्यक्त किया है।


