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नवी मुंबई [ युनिस खान ] जेएनपीटी प्रकल्पग्रस्तों को सिड्को की तरह 12.5 फीसदी योजना लागू करने का निर्णय महाराष्ट्र शासन ने वर्ष 2014 में निर्णय लिया है। उक्त निर्णय का तेजी से क्रियान्वयन कर जेएनपीटी प्रकल्प ग्रस्तों को न्याय देने की घोषणा नगर विकास मंत्री एकनाथ शिंदे ने किया है। उन्होंने 375 करोड़ रूपये के विकास कार्यों को शीघ्र शुरू करने व नवी मुंबई के निवासियों को सेवा शुल्क में रियायत देने की घोषणा किया है। शनिवार को सिड्को की संचालक मंडल की बैठक में 12. 5 फीसदी भूखंड पर 184 करोड़ रूपये के विकास कार्यों को मंजूरी दी गयी है।जेएन पीटी ओर से प्रकल्प ग्रस्तों को लिए 111 हेक्टेयर जमीन दी जाने वाली है उस पर विकास कार्यों के लिए 375 करोड़ रूपये भी दिए जायेंगे। इन प्रकल्प ग्रस्तों का पुनर्वास सिड्को प्रकल्प ग्रस्तों की तरह करने का निर्णय 2014 में लिया गया था। उसके लिए आवश्यक 111 हेक्टेयर जमीन जेएनपीटी की ओर से सिड्को महामंडल को हस्तांतरित करने के लिए सरकार ने मान्यता दिया था। जेएनपीटी ने प्रकल्प ग्रस्तों को 12 5 फीसदी भूखंड का वितरण करने के लिए सिड्को को प्राधिकृत किया था। इस 111 हेक्टेयर जमीन में विकसित भूखंड देने के संबंध में मूलभूत सुविधाओं के लिए 375 करोड़ रूपये का खर्च आने वाला है। यह खर्च जेएनपीटी प्रशासन सिड्को को देने वाला है। इस 375 करोड़ रूपये के कार्यों में 184 करोड़ रूपये के मूलभूत सुविधा के कार्यों को सिड्को संचालक मंडल की शनिवार को हुई बैठक में मंजूरी दे दी गयी है। इसके लिए जेएनपीटी व सिड्को के बीच समझौता किया जाने वाला है। समझौते प्रारूप को सिड्को संचालक मंडल ने मान्यता दे दिया है शीघ्र ही सिड्को व जेएनपीटी के अधिकारी हस्ताक्षर करने वाले है। कोविड 19 के चलते उत्पन्न आर्थिक संकट को देखते हुए सिड्को ने नवी मुंबई के नागरिकों के बकाये सेवा शुल्क जमा करने के लिए अभय योजना घोषित करने का निर्णय लिया है। इसके बारे नगर विकास मंत्री एकनाथ शिंदे को अनेक निवेदन मिले थे। कोविड से उत्पन्न समस्या को देखते हुए मानवतावादी दृष्टिकोण अपना कर उन्होंने सिड्को को निर्देश दिया था। यह अभय योजना 1 जनवरी से 31 दिसंबर 2021 की एक वर्ष की अवधि के लिए शुरू की जा रही है। विलंब शुल्क के अलावा एक करोड़ रूपये से कम के सेवा शुल्क बकायादारों के लिए योजना लागू की जा रही है। लाइसेंस व संपत्ति धारक योजना शुरू होने के छः माह अवधि में सेवा शुल्क का भुगतान करते हैं तो उन्हें सेवा शुल्क में 75 फीसदी छूट मिलेगी। छः माह बाद व योजना की अवधि समाप्त होने से पहले सेवा शुल्क भुगतान करने पर 50 फीसदी की छुट मिलेगी। इसी तरह सिड्को का भूखंड खरीदी करने वालों कोरोना के चलते भूखंड की कीमत की क़िस्त भरने के लिए 9 माह की अतिरिक्त अवधि और 9 माह का विलंब शुल्क माफ़ करने निर्णय लिया गया है। इससे नवी मुंबई के निर्माण कार्य व्यवसायियों का लाभ मिल सकता है।